होलिकाष्टक लगने के साथ द्वारिकाधीश मंदिर में रंगों की बौछार

मथुरा के पुष्टिमार्गीय मंदिर द्वारिकाधीश में सोमवार को होलिकाष्टक शुरू हो गए। होलिकाष्टक लगते ही द्वारिकाधीश महाराज ने भक्तों संग होली खेली। मंदिर के पुजारियों ने स्वर्ण-रजत पिचकारी से भक्तों पर टेसू से बने रंगों को डाला। भक्त भी भगवान के रंग के प्रसाद को डलवाकर नाचने लगे।


सुबह 10 बजे से मंदिर में चल रहे होली के रसिया और गीतों ने वातावरण को और भी भक्तिमय बना दिया। रसिया गायक चुन्नीलाल चतुर्वेदी, धीरेंद्र चतुर्वेदी और छोटेलाल चतुर्वेदी ने 'रंग में होरी कैसे खेलूं री या सामरिया के संग या बाबरिया के संग, कोरे कोरे कलश मंगाए इन में घेरों रंग या बाबरिया के संग', आदि रसियाओं का गायन किया।